क्रीड़ा भारती की ऑनलाइन बैठक में खेल को मौलिक अधिकार बनाने पर जोर, विकसित भारत का मार्ग बताया गया
बक्सर। क्रीड़ा भारती के दक्षिण बिहार प्रांत एवं जिला कार्यकारिणी की ऑनलाइन बैठक आयोजित की गई, जिसकी शुरुआत क्रीड़ा गीत से हुई। प्रांत मंत्री डॉ. रमेश कुमार ने कर्णावती में आयोजित अखिल भारतीय अधिवेशन में पारित “खेल एक मौलिक अधिकार” प्रस्ताव की जानकारी देते हुए कहा कि विकसित भारत का मार्ग खेल के मैदान से होकर गुजरता है। प्रस्ताव में खेल को मौलिक अधिकार बनाने, खिलाड़ियों को स्वतंत्र रूप से प्रतियोगिताओं में भाग लेने की छूट, खेल आयोजन की स्वतंत्रता, पारदर्शी चयन प्रक्रिया और खेल संरचनाओं की उपलब्धता सुनिश्चित करने जैसे बिंदु शामिल हैं। साथ ही दंडात्मक कार्रवाई का अधिकार सक्षम न्यायाधिकरण को देने की बात कही गई। बैठक की अध्यक्षता प्रांत अध्यक्ष रवि रंजन ने की। उन्होंने खेल और खिलाड़ियों के हित में सभी संगठनों व व्यक्तियों से एकजुट होकर कार्य करने का आह्वान किया। बैठक में साधना कुमारी, आनंद, सुनील, प्रो. धीरेंद्र सिंह, डॉ. संतोष राणा सिंह, अंजनी कुमार, प्रत्युष, डॉ. राजू मोची, आदेश, शशांक, डॉ. अरविंद सिंह, अमित आजाद, प्रमोद सिंह समेत कई कार्यकर्ता उपस्थित रहे। अंत में कल्याण मंत्र के साथ बैठक समाप्त हुई।










