फाइलेरिया उन्मूलन कार्यक्रम की समीक्षा, एमएमडीपी क्लिनिक पर जोर
बक्सर। जिले में फाइलेरिया उन्मूलन कार्यक्रम की समीक्षा को लेकर सोमवार को डुमरांव स्थित प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी डॉ. राम बालक प्रसाद ने की। इसमें स्वास्थ्य प्रबंधक अफरोज आलम, वीबीडीएस अभिषेक सिन्हा, बीएम एंड ई उमेश कुमार, 12 सीएचओ सहित पीरामल स्वास्थ्य के सतीश कुमार और सिफार के जिला समन्वयक विजय शंकर सिंह उपस्थित रहे। बैठक में फाइलेरिया मरीजों की पहचान एवं उनकी लाइन लिस्टिंग पर विशेष जोर दिया गया। डॉ. प्रसाद ने सभी सीएचओ को निर्देश दिया कि आयुष्मान आरोग्य मंदिरों के माध्यम से घर-घर सर्वे कर मरीजों की पहचान सुनिश्चित करें तथा उनकी सूची तैयार कर समय पर उपचार उपलब्ध कराएं। उन्होंने बताया कि सभी आयुष्मान आरोग्य मंदिरों पर एमएमडीपी क्लिनिक स्थापित किए जाएंगे। ग्रेड-3 एवं उससे अधिक गंभीर मरीजों को हाथीपांव की देखभाल के लिए एमएमडीपी किट दी जाएगी, जिससे वे नियमित सफाई, देखभाल और व्यायाम कर सकें। डॉ. प्रसाद ने कहा कि स्वच्छता, नियमित देखभाल और दवा का पालन फाइलेरिया नियंत्रण के लिए अत्यंत आवश्यक है, जिससे संक्रमण को गंभीर होने से रोका जा सकता है और मरीजों का जीवन स्तर बेहतर बनाया जा सकता है।










