डुमराँव राजपरिवार के महाराज चंद्रविजय सिंह का शाही सम्मान के साथ अंतिम संस्कार
डुमराँव। शनिवार को दिल्ली अपोलो अस्पताल में इलाज के दौरान डुमरांव राजपरिवार के महाराज चंद्रविजय सिंह का निधन हो गया था। उनके निधन की खबर मिलते ही पूरे क्षेत्र में शोक की लहर दौड़ गई। रविवार की देर शाम उनका पार्थिव शरीर विमान द्वारा पटना लाया गया और वहां से सड़क मार्ग से डुमरांव नया भोजपुर कोठी पहुंचा। कोठी पहुंचते ही परिवारजनों, शुभचिंतकों और स्थानीय लोगों की भीड़ उन्हें अंतिम दर्शन करने के लिए उमड़ पड़ी। सोमवार की अहले सुबह राजपरिवार के परंपरागत रीति-रिवाज के अनुसार शवयात्रा कोठी से निकाली गई। शवयात्रा नगर भ्रमण करते हुए स्टेशन रोड, राज अस्पताल, गोला रोड होते हुए राजगढ़ चैक पहुंची। रास्ते भर हजारों लोग खड़े होकर महाराज को श्रद्धांजलि अर्पित करते रहे। कई स्थानों पर लोगों ने फूलों की वर्षा कर दिवंगत आत्मा के प्रति अपनी श्रद्धा प्रकट की। राजगढ़ पहुंचने पर जनसैलाब उमड़ पड़ा। यहां राजपरिवार के सदस्यों, विभिन्न राजनीतिक दलों के जनप्रतिनिधियों, व्यवसायियों और आम लोगों ने महाराज चंद्र विजय सिंह को भावभीनी श्रद्धांजलि दी। माहौल पूरी तरह गमगीन रहा। इसके उपरांत शवयात्रा बक्सर गंगा घाट के लिए रवाना हुई। गंगा तट पर पारंपरिक विधि-विधान और शाही सम्मान के साथ उनका अंतिम संस्कार किया गया। इस दौरान बड़ी संख्या में लोग उपस्थित थे। महाराज चंद्रविजय सिंह के निधन से पूरे जिले में शोक की लहर है। लोग उन्हें सहज, मिलनसार और जनता के बीच जुड़े रहने वाले व्यक्तित्व के रूप में याद कर रहे हैं। श्रद्धांजलि सभा में मौजूद जनप्रतिनिधियों ने कहा कि उनके जाने से क्षेत्र ने एक सच्चा मार्गदर्शक खो दिया है। वहीं स्थानीय लोगों ने उनकी स्मृतियों को चिरस्थायी बनाए रखने की मांग की।










