सोखाधाम में संगीतमय श्रीराम कथा चित्रकूट गमन प्रसंग ने भक्ति रस से भर दिया पंडाल
इटाढ़ी। प्रखंड क्षेत्र के प्रसिद्ध धार्मिक स्थल सोखाधाम में आयोजित नौ दिवसीय संगीतमय श्रीराम कथा के छठे दिन मंगलवार को श्रद्धा और भक्ति का अद्भुत माहौल देखने को मिला। इस अवसर पर कथावाचक पंडित संजय महाराज ने भगवान श्रीराम के चित्रकूट गमन प्रसंग का भावपूर्ण वर्णन किया, जिसे सुनकर श्रोता भावविभोर हो उठे। कथावाचक पंडित संजय महाराज ने बताया कि वनवास काल में भगवान श्रीराम माता सीता और भ्राता लक्ष्मण के साथ चित्रकूट पहुंचे, जहां उन्होंने ऋषि-मुनियों की सेवा की और धर्म की स्थापना का संदेश दिया। उन्होंने कहा कि चित्रकूट केवल एक स्थान नहीं, बल्कि त्याग, प्रेम और भक्ति का प्रतीक है। श्रीराम का जीवन मानवता को सत्य, मर्यादा और कर्तव्य के मार्ग पर चलने की प्रेरणा देता है। संगीतमय कथा के दौरान भजनों और चैपाइयों की मधुर प्रस्तुति ने श्रद्धालुओं को मंत्रमुग्ध कर दिया। जैसे ही चित्रकूट प्रसंग का वर्णन हुआ, पूरा पंडाल “जय श्रीराम” के जयघोष से गूंज उठा और श्रोता झूमते नजर आए। कथा के दौरान बड़ी संख्या में महिला, पुरुष और युवा श्रद्धालु उपस्थित रहे। आयोजन समिति के सदस्यों ने बताया कि श्रीराम कथा को लेकर क्षेत्र में खासा उत्साह देखा जा रहा है और प्रतिदिन श्रद्धालुओं की संख्या बढ़ती जा रही है। कथा के समापन पर बसांव मठ के महंत स्वामी अच्युत प्रपन्नचार्य महाराज, डाॅ. राजेश मिश्रा द्वारा आरती की गई तथा श्रद्धालुओं के बीच प्रसाद का वितरण किया गया।










